नीतीश कुमार का ‘दिल्ली प्रस्थान’: आज राज्यसभा में लेंगे शपथ, बिहार में जल्द नए मुख्यमंत्री का होगा ऐलान
पटना/दिल्ली: बिहार की राजनीति में आज एक युग का परिवर्तन होने जा रहा है। मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड (JDU) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार आज दोपहर सवा 12 बजे राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ ग्रहण करेंगे। लंबे समय तक बिहार की कमान संभालने के बाद, नीतीश कुमार अब राष्ट्रीय राजनीति में अपनी नई पारी का आगाज करने जा रहे हैं।
”अब हम यहीं रहेंगे…” – नीतीश कुमार का बड़ा बयान
शपथ ग्रहण से एक दिन पहले दिल्ली पहुँचे नीतीश कुमार ने पत्रकारों से बातचीत में अपनी भविष्य की योजना साफ कर दी। उन्होंने कहा:
”अब हम यहीं (दिल्ली) रहेंगे, बिहार में अब नए लोगों को मौका मिलेगा।”
उनके इस बयान ने उन अटकलों पर विराम लगा दिया है कि वह वापस बिहार की सक्रिय राजनीति में मुख्यमंत्री के तौर पर लौटेंगे। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी पुष्टि की है कि सारा कार्यक्रम तय है और एनडीए के सभी दिग्गज नेता इस ऐतिहासिक पल के गवाह बनेंगे।
पीएम मोदी और अमित शाह से अहम मुलाकात
राज्यसभा में शपथ लेने के बाद नीतीश कुमार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात करेंगे। इस बैठक में उनके साथ ललन सिंह और संजय झा भी मौजूद रहेंगे। इस उच्च स्तरीय बैठक के मुख्य बिंदु निम्नलिखित हो सकते हैं:
- बिहार में नई सरकार का स्वरूप: नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद बिहार में एनडीए की नई सरकार का ढांचा कैसा होगा?
- मंत्रिमंडल विस्तार: नए मंत्रिमंडल में किन पुराने चेहरों को जगह मिलेगी और किन नए चेहरों को मौका दिया जाएगा?
- नए मुख्यमंत्री का चयन: बिहार की कमान अब किसके हाथ में होगी, इस पर अंतिम मुहर लग सकती है।
दिल्ली से लौटते ही देंगे इस्तीफा: सूत्रों का दावा
सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार का दिल्ली दौरा समाप्त होते ही बिहार में सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया तेज हो जाएगी।
- कैबिनेट की अंतिम बैठक: पटना लौटने के बाद नीतीश कुमार अपने वर्तमान मंत्रिमंडल के साथ आखिरी बैठक करेंगे।
- विधायक दल की बैठक: इसके बाद एनडीए विधायक दल की बैठक बुलाई जाएगी, जहाँ नीतीश कुमार औपचारिक रूप से अपने इस्तीफे की घोषणा करेंगे।
- राज्यपाल को इस्तीफा: अंत में, वह राजभवन जाकर राज्यपाल को अपना त्यागपत्र सौंपेंगे, जिससे बिहार में नए मुख्यमंत्री के शपथ ग्रहण का रास्ता साफ हो जाएगा।
बिहार एनडीए में हलचल तेज
नीतीश कुमार के इस कदम के बाद बिहार एनडीए के भीतर नए नेतृत्व को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। ललन सिंह और संजय झा जैसे वरिष्ठ नेता दिल्ली में ही डेरा डाले हुए हैं। भाजपा और जेडीयू के बीच सत्ता के नए समीकरणों को लेकर गहन मंथन जारी है।
निष्कर्ष
नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना बिहार की राजनीति के लिए एक बड़े बदलाव का संकेत है। पिछले दो दशकों से बिहार की धुरी रहे नीतीश अब केंद्र में क्या भूमिका निभाएंगे, इस पर पूरे देश की नजरें टिकी हैं। वहीं, बिहार की जनता अब अपने नए “मुखिया” के नाम के आधिकारिक ऐलान का इंतजार कर रही है।



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