पटना में दबंगई: सूखा नशा करने से मना करने पर भट्ठा मालिक के बेटे-भतीजे को बेरहमी से पीटा, हालत गंभीर
बिहार की राजधानी पटना के ग्रामीण इलाकों में नशेड़ियों के हौसले बुलंद हैं। ताजा मामला बाढ़ अनुमंडल के बख्तियारपुर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहाँ रानीसराय स्थित शिवालय मुक्तिधाम के पास मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। सूखा नशा (ड्रग्स) कर रहे युवकों को टोकना एक ईंट भट्ठा मालिक के परिवार को महंगा पड़ गया। दबंगों ने भट्ठा मालिक के बेटे और भतीजे सहित तीन लोगों को बेरहमी से पीटकर लहूलुहान कर दिया।
विवाद की जड़: नशे के खिलाफ आवाज उठाना
मिली जानकारी के अनुसार, रानीसराय क्षेत्र में ईंट भट्ठा मालिक चट्टान सिंह के बेटे और भतीजे अपने भट्ठे के पास मौजूद थे। इसी दौरान वहां मवेशी चरा रहे कुछ युवक बैठ गए और कथित रूप से ‘सूखा नशा’ करने लगे। जब भट्ठा मालिक के परिजनों ने सार्वजनिक स्थान और भट्ठे के पास नशा करने से मना किया, तो आरोपी भड़क गए।
शुरुआत में केवल कहासुनी हुई, लेकिन नशा कर रहे युवकों ने तुरंत फोन कर अपने अन्य साथियों को मौके पर बुला लिया। देखते ही देखते दर्जन भर युवकों ने लाठी-डंडों से आर्यन सिंह और उनके साथियों पर हमला बोल दिया।
पुलिस के पहुंचने से पहले फरार हुए हमलावर
पीड़ित आर्यन सिंह ने बताया कि हमलावरों ने बिना सोचे-समझे मारपीट शुरू कर दी। घटना की गंभीरता को देखते हुए आर्यन ने तुरंत डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। हालांकि, जब तक पुलिस की टीम मौके पर पहुंचती, हमलावर अंधेरे का फायदा उठाकर वहां से फरार हो चुके थे।
घायलों की स्थिति गंभीर, पटना रेफर
इस हिंसक झड़प में तीन युवक गंभीर रूप से घायल हुए हैं। उन्हें तत्काल स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उनका प्राथमिक उपचार किया।
- राहुल की स्थिति: घायल राहुल की हालत सबसे अधिक चिंताजनक बताई जा रही है। डॉक्टरों के अनुसार, उसके सिर में गंभीर चोट आई है और नाक की हड्डी टूटने के कारण वह बोलने की स्थिति में भी नहीं है। प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए पटना (PMCH) रेफर कर दिया गया है।
- अन्य घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में चल रहा है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
बख्तियारपुर थाना पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस फरार आरोपियों की पहचान के लिए स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रही है। ग्रामीण इलाकों में बढ़ते नशे के चलन और इस तरह की आपराधिक घटनाओं ने स्थानीय निवासियों में डर और आक्रोश पैदा कर दिया है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी हमलावरों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
निष्कर्ष
यह घटना दर्शाती है कि समाज में नशे की लत किस कदर युवाओं को हिंसक बना रही है। एक नागरिक द्वारा गलत काम को रोकने की कोशिश का जवाब खून-खराबे से देना कानून व्यवस्था के लिए बड़ी चुनौती है। अब देखना यह है कि पटना पुलिस इन अपराधियों पर कितनी कड़ी कार्रवाई करती है।



Post Comment