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पूर्णिया में मुख्यमंत्री की ‘समृद्धि यात्रा’: 485 करोड़ की योजनाओं से चमकेगा जिला, विकास की 92 परियोजनाओं का हुआ आगाज

पूर्णिया। बिहार के विकास की गति को नई ऊर्जा देने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गुरुवार को पूर्णिया के प्रवास पर रहे। अपनी महत्वाकांक्षी ‘समृद्धि यात्रा’ के तहत मुख्यमंत्री ने सीमांचल के इस महत्वपूर्ण जिले को करोड़ों रुपये की विकास योजनाओं की सौगात दी। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य न केवल नई परियोजनाओं की नींव रखना था, बल्कि जिले में चल रही जनकल्याणकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत को परखना भी रहा।

विकास का महाकुंभ: 485 करोड़ की 92 योजनाएं

​मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पूर्णिया जिले के सर्वांगीण विकास के लिए कुल 485 करोड़ रुपये की लागत वाली 92 विभिन्न योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन योजनाओं को दो मुख्य श्रेणियों में बांटा गया है:

  1. नया शिलान्यास: जिले के बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को मजबूत करने के लिए 321 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली 8 नई महत्वपूर्ण योजनाओं का शिलान्यास किया गया। ये परियोजनाएं आने वाले समय में पूर्णिया की तस्वीर बदलने में सहायक होंगी।
  2. लोकार्पण: 164 करोड़ रुपये की लागत से पूरी हो चुकी 84 विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं का उद्घाटन कर उन्हें जनता को समर्पित किया गया। इनमें शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और ग्रामीण विकास से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं।

प्रशासनिक सतर्कता और सुरक्षा के कड़े इंतजाम

​मुख्यमंत्री की इस हाई-प्रोफाइल यात्रा को लेकर जिला प्रशासन पिछले कई दिनों से अलर्ट मोड पर था। जिलाधिकारी (DM) अंशुल कुमार और पुलिस अधीक्षक (SP) स्वीटी सहरावत ने सुरक्षा व्यवस्था की कमान खुद संभाली। यात्रा की सफलता सुनिश्चित करने के लिए महानंदा सभागार में एक संयुक्त ब्रीफिंग बैठक आयोजित की गई थी, जिसमें जिले के सभी आला अधिकारियों को मुस्तैदी से अपनी ड्यूटी निभाने के निर्देश दिए गए।

​सुरक्षा के दृष्टिकोण से कार्यक्रम स्थल, हेलीपैड और मुख्यमंत्री के काफिले के गुजरने वाले मार्गों पर पुलिस बल की सघन तैनाती की गई। शहर के यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया और महत्वपूर्ण चौराहों पर ड्रॉप गेट लगाए गए।

विकास योजनाओं की गहन समीक्षा

​योजनाओं के लोकार्पण के साथ-साथ मुख्यमंत्री ने जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक भी की। इस दौरान उन्होंने ‘समृद्ध बिहार’ के लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए पूर्णिया में क्रियान्वित हो रही विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विकास कार्यों में गुणवत्ता और समय सीमा का विशेष ध्यान रखा जाए ताकि आम जनता को समय पर इनका लाभ मिल सके।

समृद्धि यात्रा का महत्व

​राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इस यात्रा को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह यात्रा न केवल विकास की गति को तेज करने का जरिया है, बल्कि यह स्थानीय फीडबैक लेने का भी एक सशक्त माध्यम है। मुख्यमंत्री ने स्थानीय लोगों की समस्याओं को भी सुना और विकास की धारा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने का संकल्प दोहराया।

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