बिहार: समृद्धि यात्रा के तीसरे चरण का आगाज, CM नीतीश सुपौल को देंगे 569 करोड़ की सौगात
सुपौल/निर्मली: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज यानी मंगलवार, 10 मार्च 2026 को सुपौल जिले के निर्मली से अपनी ‘समृद्धि यात्रा’ के तीसरे चरण की आधिकारिक शुरुआत करेंगे। राज्यसभा के लिए नामांकन दाखिल करने के बाद मुख्यमंत्री का यह पहला बड़ा सार्वजनिक और विकासोन्मुख कार्यक्रम है। इस दौरे के दौरान वे जिले के विकास को नई गति देने के लिए करोड़ों रुपये की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे।
213 विकास योजनाओं का उपहार
मुख्यमंत्री के इस दौरे का मुख्य आकर्षण जिले के लिए 569.36 करोड़ रुपये की भारी-भरकम सौगात है। मुख्यमंत्री कुल 213 योजनाओं को जनता को समर्पित करेंगे, जिनमें शामिल हैं:
- शिलान्यास: 434.46 करोड़ रुपये की 84 नई योजनाओं की नींव रखी जाएगी।
- उद्घाटन: 134.89 करोड़ रुपये की 129 तैयार योजनाओं का लोकार्पण किया जाएगा।
ये योजनाएं मुख्य रूप से बुनियादी ढांचे, ग्रामीण विकास, सड़क निर्माण और जल संसाधन प्रबंधन से जुड़ी हैं, जो कोसी क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होंगी।
निर्मली में मुख्यमंत्री का मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम
प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री सुबह 10:45 बजे निर्मली अनुमंडल कार्यालय परिसर स्थित हेलीपैड पर पहुंचेंगे। उनके कार्यक्रम की मुख्य कड़ियां इस प्रकार हैं:
- निरीक्षण: सीएम सबसे पहले निर्मली स्थित रिंग बांध के जीर्णोद्धार कार्य का जायजा लेंगे।
- प्रदर्शनी: अनुमंडल कार्यालय परिसर में लगाए गए विभिन्न विभागों के स्टॉलों का अवलोकन और लाभार्थियों से संवाद।
- समीक्षा बैठक: अनुमंडल सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ विकास कार्यों की समीक्षा।
- जनसंवाद: स्थानीय लोगों से मिलकर उनकी समस्याओं को सुनना और योजनाओं का फीडबैक लेना।
दोपहर 1:22 बजे मुख्यमंत्री मधेपुरा के लिए प्रस्थान करेंगे।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर सुपौल जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। जिलाधिकारी सावन कुमार और पुलिस अधीक्षक शरथ आरएस ने स्वयं कार्यक्रम स्थल और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया है। सुरक्षा के मद्देनजर:
- हेलीपैड से लेकर सभा स्थल तक भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है।
- वीआईपी मूवमेंट के लिए विशेष रूट चार्ट तैयार किया गया है।
- भीड़ नियंत्रण और यातायात प्रबंधन के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम में किसी भी प्रकार की प्रशासनिक लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पेयजल, चिकित्सा सुविधा और साफ-सफाई के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री की यह ‘समृद्धि यात्रा’ आगामी चुनावों से पहले कोसी क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करने और विकास कार्यों के जरिए जनता के बीच ‘सुशासन’ का संदेश देने की एक बड़ी कवायद मानी जा रही है। सुपौल जिले के निवासियों के लिए यह यात्रा विकास के नए द्वार खोलने वाली साबित होगी।



Post Comment